Uttar Pradesh || Gorakhpur || Tehsil : उत्तर प्रदेश के सिद्धार्थनगर जिले से एक बेहद दर्दनाक और बड़ी खबर सामने आ रही है। यहाँ शोहरतगढ़ तहसील क्षेत्र के माधवपुर गाँव में करीब 5.50 करोड़ रुपये की भारी-भरकम लागत से बनाई जा रही निर्माणाधीन मछली मंडी का मुख्य गेट आज अचानक भरभरा कर गिर गया। इस भीषण हादसे के वक्त वहाँ काम कर रहे 7 मजदूर मलबे के नीचे बुरी तरह दब गए, जिनमें से एक मजदूर की मौके पर ही मौत हो गई। एक मजदूर ढाई घंटे तक मलबे में रहा दबा जानकारी के अनुसार, यह हादसा आज दोपहर करीब 12:00 बजे हुआ। जैसे ही गेट गिरा, मौके पर चीख-पुकार मच गई। ये आवाजें सुनकर आसपास के ग्रामीण फौरन मदद के लिए दौड़ पड़े और राहत कार्य शुरू किया। ग्रामीणों की कड़ी मेहनत के बाद ही मलबे में दबे मजदूरों को बाहर निकाला जा सका। दुख की बात यह है कि एक मजदूर मलबे के नीचे लगभग ढाई घंटे तक फंसा रहा, और इसी वजह से उसकी जान चली गई। 3 मजदूरों की हालत गंभीर, रेफर किया गया मेडिकल कॉलेज इस हादसे में अन्य 6 मजदूर भी घायल हुए, जिन्हें तुरंत मलबे से निकालकर अस्पताल पहुंचाया गया। इन घायलों में से तीन की स्थिति बेहद नाजुक है। प्राथमिक उपचार के बाद डॉक्टरों ने गंभीर रूप से घायल तीन मजदूरों को बेहतर इलाज के लिए माधव प्रसाद त्रिपाठी मेडिकल कॉलेज में रेफर कर दिया है, जहां उनका इलाज जारी है। अधिकारियों की देरी से पहुंचने पर लोगों में नाराजगी हादसे के बाद स्थानीय लोगों का प्रशासन के प्रति गुस्सा बढ़ गया है। ग्रामीणों का कहना है कि जब इतना बड़ा हादसा हुआ, उसके काफी समय बाद ही तहसील और जिले के अधिकारी मौके पर पहुंचे। इस समय पुलिस और प्रशासन के अधिकारी वहां मौजूद हैं और निर्माण कार्य की गुणवत्ता की जांच की जाने की बात चल रही है। 5.5 करोड़ के इस बड़े सरकारी प्रोजेक्ट में हुए हादसे ने निर्माण के स्तर पर कई गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। ये भी पढ़े : फाजिलनगर अब कहलाएगा पावागढ़! ‘मच्छर और माफिया दोनों खत्म’, योगी का विपक्ष पर तीखा वार